प्राइस-टू-बुक (P/B) रेशियो क्या है?
प्राइस-टू-बुक रेशियो किसी कंपनी के बाज़ार मूल्य (मार्केट वैल्यू) की तुलना उसकी बुक वैल्यू से करता है। यह बताता है कि निवेशक कंपनी की शुद्ध संपत्ति (नेट एसेट्स) के हर एक रुपये के लिए कितना चुकाने को तैयार हैं। P/B का 1.0 होना यह दर्शाता है कि स्टॉक ठीक अपनी बुक वैल्यू पर ट्रेड कर रहा है; 1.0 से कम होना अंडरवैल्यूएशन (कम कीमत) का संकेत हो सकता है, जबकि ऊँचा P/B या तो मज़बूत ग्रोथ की उम्मीद दिखाता है — या फिर ओवरवैल्यूएशन (ज़्यादा कीमत)।
इस कैलकुलेटर का उपयोग कैसे करें
मौजूदा प्रति शेयर मूल्य (बाज़ार भाव) और बुक वैल्यू प्रति शेयर (कुल शेयरधारक इक्विटी को बकाया शेयरों की संख्या से भाग देकर) दर्ज करें। कैलकुलेटर एक को दूसरे से भाग देकर तुरंत P/B मल्टीपल निकाल देता है।
फ़ॉर्मूला को समझें
$$\text{P/B Ratio} = \frac{\text{Price per Share}}{\text{Book Value per Share}}$$ बुक वैल्यू प्रति शेयर निकालने के लिए कुल इक्विटी (संपत्ति घटा देनदारियाँ) को बकाया शेयरों की संख्या से भाग दिया जाता है। यह रेशियो कीमत को कंपनी की अकाउंटिंग नेट वर्थ के सापेक्ष मापता है, जिससे यह पूँजी-गहन (कैपिटल-इंटेंसिव) कंपनियों और वित्तीय फर्मों की तुलना करने में बेहद उपयोगी बन जाता है।
हल किया हुआ उदाहरण
मान लीजिए कोई स्टॉक $50 प्रति शेयर पर ट्रेड कर रहा है और उसकी बुक वैल्यू प्रति शेयर $25 है। तब P/B रेशियो होगा $$50 \div 25 = \mathbf{2.0}$$ यानी निवेशक कंपनी की प्रति शेयर शुद्ध संपत्ति मूल्य का दोगुना चुका रहे हैं।
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल (FAQ)
अच्छा P/B रेशियो कितना होता है? परंपरागत रूप से 1.0 से कम P/B को अंडरवैल्यूड माना जाता है, लेकिन "अच्छा" होना हर इंडस्ट्री में अलग-अलग होता है। हमेशा उसी सेक्टर की अन्य कंपनियों से तुलना करें।
क्या बुक वैल्यू प्रति शेयर नेगेटिव हो सकती है? हाँ, यदि देनदारियाँ संपत्ति से ज़्यादा हों। नेगेटिव बुक वैल्यू होने पर P/B रेशियो का कोई मतलब नहीं रह जाता।
क्या ऊँचा P/B हमेशा बुरा होता है? नहीं। तेज़ी से बढ़ने वाली या कम-संपत्ति (एसेट-लाइट) कंपनियाँ अक्सर अपनी मज़बूत रिटर्न ऑन इक्विटी के दम पर ऊँचे P/B रेशियो को सही ठहरा देती हैं।