सुरक्षित निकासी दर क्या है?
सुरक्षित निकासी दर आपके रिटायरमेंट पोर्टफोलियो का वह प्रतिशत है जिसे आप हर साल निकाल सकते हैं, बिना इस डर के कि पैसा बीच में ही खत्म हो जाए। इसका सबसे प्रसिद्ध मापदंड है 4% नियम, जो ट्रिनिटी स्टडी (Trinity Study) से निकला है। इस अध्ययन में पाया गया कि शुरुआती पोर्टफोलियो का 4% हर साल निकालने पर (और उसके बाद महंगाई के हिसाब से समायोजित करते हुए) ज़्यादातर बाज़ार परिस्थितियों में पैसा कम से कम 30 साल तक चला।
इस कैलकुलेटर का उपयोग कैसे करें
अपने पोर्टफोलियो की कुल वैल्यू और वह निकासी दर दर्ज करें जिसे आप जांचना चाहते हैं। डिफ़ॉल्ट दर 4% है, लेकिन लंबी रिटायरमेंट के लिए आप 3% या 3.5% जैसी ज़्यादा सतर्क दरें आज़मा सकते हैं, या अगर आपके पास आय के दूसरे स्रोत हैं तो ऊंची दरें भी रख सकते हैं। कैलकुलेटर तुरंत आपकी सुरक्षित सालाना निकासी और उसके बराबर मासिक रकम दिखा देता है।
फ़ॉर्मूला आसान शब्दों में
गणित बहुत सरल है: $$\text{सालाना निकासी} = \text{पोर्टफोलियो} \times \frac{\text{दर}}{100}$$। मासिक रकम बस इसी सालाना रकम को 12 से भाग देकर मिलती है। फ़ॉर्मूला भले ही सीधा हो, पर आपके द्वारा चुनी गई दर बाज़ार के रिटर्न, महंगाई और आपका पैसा कितने समय तक चलना चाहिए — इन गहरी मान्यताओं को दर्शाती है।
हल किया हुआ उदाहरण
मान लीजिए आप $1,000,000 के पोर्टफोलियो के साथ रिटायर होते हैं और 4% नियम लागू करते हैं। तो आपकी सुरक्षित सालाना निकासी होगी $$\$1{,}000{,}000 \times 0.04 = \$40{,}000$$ प्रति वर्ष, यानी लगभग $3,333.33 प्रति माह। अगर आप ज़्यादा सावधानी बरतते हुए 3.5% दर चुनते हैं, तो आप सालाना $35,000 निकालेंगे।
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
क्या 4% नियम आज भी सुरक्षित है? यह एक उपयोगी दिशानिर्देश है, लेकिन बॉन्ड पर कम रिटर्न और लंबी रिटायरमेंट को देखते हुए कुछ विशेषज्ञ अब अतिरिक्त सुरक्षा के लिए 3% से 3.5% दर सुझाते हैं।
क्या इसमें महंगाई का हिसाब शामिल है? नहीं। पारंपरिक रूप से 4% नियम में हर साल महंगाई के हिसाब से डॉलर की रकम बढ़ाई जाती है। यह कैलकुलेटर आपके मौजूदा पोर्टफोलियो के आधार पर सिर्फ़ पहले साल की निकासी दिखाता है।
40+ साल की रिटायरमेंट के लिए कौन सी दर चुनूं? बहुत जल्दी रिटायर होने वालों के लिए कई प्लानर 3% से 3.25% दर की सलाह देते हैं, ताकि पोर्टफोलियो लंबे समय तक चलने की संभावना बढ़े।
ध्यान दें: 4% नियम मूल रूप से अमेरिकी बाज़ार के डेटा पर आधारित है और इसमें रकम डॉलर में दर्शाई गई है। भारत या अन्य देशों में महंगाई दर, बाज़ार रिटर्न और टैक्स नियम अलग होते हैं, इसलिए वही दर इन गणनाओं को ज्यों-का-त्यों लागू करना ज़रूरी नहीं कि उपयुक्त हो। अपने स्थानीय हालात के अनुसार दर चुनें।